BIG BREAKING : गृह विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक संपन्न, साइबर अपराध नियंत्रण पर बड़ा मंथन
पटना: बिहार में साइबर अपराध नियंत्रण,नारकोटिक्स उन्मूलन और तीन नए आपराधिक कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर सोमवार को गृह विभाग में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई. बैठक की अध्यक्षता गृह सचिव कुंदन कुमार ने की. इस दौरान भारत सरकार के गृह मंत्रालय के संयुक्त सचिव (एलडब्ल्यूई) राजीव कुमार भी मौजूद रहे. बैठक में गृह विभाग और पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने हिस्सा लिया.
समीक्षा बैठक में साइबर अपराध की रोकथाम,मादक पदार्थों के खिलाफ कार्रवाई,आपदा प्रबंधन,भारतीय न्याय संहिता (BNS),भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS)और भारतीय साक्ष्य अधिनियम (BSA)के तहत राज्य में चल रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई. गृह सचिव ने पावरपॉइंट प्रस्तुतीकरण के माध्यम से इन सभी क्षेत्रों में हुई प्रगति,उपलब्धियों और वर्तमान स्थिति की जानकारी दी.
बैठक के बाद गृह मंत्रालय के संयुक्त सचिव राजीव कुमार ने बिहार सरकार के प्रयासों की सराहना की और कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि तीनों नए आपराधिक कानूनों को चरणबद्ध तरीके से तय समयसीमा के भीतर पूरी तरह लागू किया जाए. साथ हीCCTNSप्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाया जाए तथा प्रत्येक एफआईआर के साथ ई-साक्ष्य का शत-प्रतिशत लिंक सुनिश्चित किया जाए.
उन्होंने सात वर्ष या उससे अधिक सजा वाले सभी मामलों में फोरेंसिक जांच अनिवार्य रूप से कराने,60 या 90 दिनों की निर्धारित अवधि के भीतर चार्जशीट दाखिल करने और साइबर सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने पर भी विशेष जोर दिया. संबंधित अधिकारियों को समन्वित प्रयासों के साथ सभी लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए गए.
बैठक में गृह विभाग के विशेष सचिव क्षत्रनील सिंह,निदेशक अभियोजन सुधांशु कुमार चौबे,संयुक्त सचिव कमल नयन,संयुक्त सचिव अमलेंदु कुमार सहित गृह विभाग और बिहार पुलिस के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे.
पटना से संजय कुमार की रिपोर्ट--





