
शनिवार, 17 अक्टूबर 2026
Liveहाजीपुर :केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय मंगलवार को हाजीपुर सदर अस्पताल पहुंचे. उन्होंने अपने संसदीय क्षेत्र उजियारपुर में हुए सड़क हादसे में घायल लोगों के इलाज की स्थिति का जायजा लिया और चिकित्सकों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने का निर्देश दिया.जानकारी के अनुसार उजियारपुर संसदीय क्षेत्र में हुई सड़क दुर्घटना में कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिनका इलाज हाजीपुर सदर अस्पताल में चल रहा है. इस घटना की सूचना मिलते ही केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय मंगलवार को सदर अस्पताल पहुंचे. उन्होंने वार्ड में भर्ती घायलों से एक-एक कर मुलाकात कीऔरउनका हाल-चाल जाना एवं हिम्मत बंधाई.इस दौरान केंद्रीय मंत्री ने इलाज कर रहे चिकित्सकों से घायलों की स्थिति के बारे में विस्तार से जानकारी ली. उन्होंने डॉक्टरों से पूछा कि घायलों को किस तरह की दवाएं दी जा रही हैं और आगे क्या उपचार की आवश्यकता है. मंत्री ने अस्पताल प्रबंधन को निर्देश दिया कि इलाज में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए और सभी घायलों को हरसंभव बेहतर सुविधा उपलब्ध कराई जाए.साथ ही नित्यानंद राय ने इस हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की. उन्होंने कहा कि यह अत्यंत दुखद घटना है. दुख की इस घड़ी में वे शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं. उन्होंने मृतकों की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की.मंत्री के अस्पताल पहुंचने की सूचना पर अस्पताल प्रशासन में अफरा-तफरी मच गई. सिविल सर्जन सहित अन्य वरीय चिकित्सक मौके पर मौजूद रहे. इस दौरान उनके साथ भाजपा के कई स्थानीय कार्यकर्ता और नेता भी मौजूद थे.हाजीपुर से ऋषभ कुमार की रिपोर्ट-
वैशाली : बड़ी खबर बिहार के वैशाली से है जहां जिले के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पटेढ़ी बेलसर में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने बड़ी कार्रवाई की है. टीम ने प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी कामिनी प्रसाद को इंसेंटिव भुगतान के एवज में रिश्वत लेते रंगेहाथों गिरफ्तार कर लिया है.इस कार्रवाई में पीएचसी के प्रधान सहायक धीरेंद्र कुमार और डाटा ऑपरेटर हिमांशु कुमार को भी टीम अपने साथ पूछताछ के लिए ले गई है.CHOने की थी शिकायतजानकारी के अनुसार अतिरिक्त स्वास्थ्य केंद्र मिश्रौलिया-अफजलपुर में सीएचओ के पद पर कार्यरत जयपाल सिंह ने निगरानी विभाग में शिकायत की थी कि उनका तीन महीने से अधिक समय का इंसेंटिव बकाया है. भुगतान के बदले प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी द्वारा 10 प्रतिशत कमीशन की मांग की जा रही है.निगरानी विभाग ने शिकायत का सत्यापन कराया तो मामला सही पाया.सादे लिबास में सुबह से कर रही थी निगरानीबताया जा रहा है कि शुक्रवार को पटना से आई निगरानी की टीम सुबह से ही सादे लिबास में अस्पताल के बाहर निगरानी कर रही थी. जैसे ही सीएचओ जयपाल सिंह ने निगरानी द्वारा दिए गए नोटों को प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी के ऑफिस में दिया,वैसे ही बाहर पहले से मौजूद टीम ने उन्हें रंगे हाथों पकड़ लिया.फिलहाल कितनी राशि के साथ गिरफ्तारी हुई है,यह स्पष्ट नहीं हो सका है. निगरानी की टीम तीनों को अपने साथ ले गई है और आगे की कार्रवाई कर रही है.वैशाली से ऋषभ कुमार की रिपोर्ट-
हाजीपुर : गंडक नदी में जलस्तर बढ़ने के बाद वैशाली प्रशासन अलर्ट मोड में है. खुद जिलाधिकारी वर्षा सिंह ने बुधवार को लालगंज पहुंचकर तटबंधों का निरीक्षण किया.वाल्मीकिनगर बराज से पानी छोड़े जाने के बाद गंडक के जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी हो रही है. बुधवार को डीएम ने लालगंज प्रखंड के बलहा स्थित तटबंध का जायजा लिया. उन्होंने तटबंध की मजबूती, कटाव और पेट्रोलिंग व्यवस्था का निरीक्षण किया.डीएम ने बताया कि पिछले दो दिनों से जलस्तर बढ़ रहा है. फिलहाल साढ़े चार लाख क्यूसेक पानी बह रहा है और कल साढ़े पांच लाख क्यूसेक तक पहुंचने की संभावना है. हालांकि नेपाल में जलस्तर घटने का रुझान है. उन्होंने कहा कि सभी तटबंध सुरक्षित हैं और24x7मॉनिटरिंग की जा रही है. वैशाली, लालगंज और हाजीपुर पर विशेष नजर है.डीएम के निरीक्षण के दौरान ग्रामीणों ने तटबंध की सड़क को मोटरेबल बनाने और सीढ़ी घाट की मांग रखी. डीएम नेBDO को इस पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया. उन्होंने स्थानीय बच्चों से पढ़ाई और महिलाओं से राशन-पेंशन योजनाओं के बारे में भी जानकारी ली.डीएम ने लोगों से अपील की है कि नदी किनारे न जाएं और बच्चों को नदी के पास जाने से रोकें. प्रशासन की पूरी तैयारी है कि गंडक का पानी बिना किसी नुकसान के निकल जाए.हाजीपुर से पंकज चौहान की रिपोर्ट-
वैशाली: हाजीपुर में आर्थिक अपराधी इकाई ने बड़ी कार्रवाई की है.आर्थिक अपराधिकारी ने तकनीकी बिहार राज्य भवन निर्माण लिमिटेड केकमलेश कुमार महाप्रबंधक के कई ठिकानों पर छापेमारी की है.करप्शन और आय से अधिक संपत्ति मामले को लेकर छापेमारी की जा रही है.इस पूरे मामले में EOU एजेंसी ने सोमवार देर शाम मामला दर्ज किया था,जिसमें 3 करोड़ 12 लख रुपए से अधिक के आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज किया गया था.EOU की विशेष टीम मंगलवार को उनके वैशाली, एसके पुरी पटना के साथ-साथ कई ठिकानों पर छापेमारी करने पहुंची है. कुल चार ठिकानों पर छापेमारी चल रही है और लगभग दो दर्जन से अधिक अधिकारियों को लगाया गया है. कई टीम छापेमारी में लगी हुई है.आर्थिक अपराध इकाई डीएसपी ने छापेमारी के दौरान कुछ बरामद किए गए हैं और पांच स्थानों पर रेड जारी है.कमलेश कुमारके खिलाफ 3 करोड़ से अधिक के आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज किया गया था,इसके साथ-साथ उनके पैतृक आवास इनकी कार्यालय पर भी छापेमारी चल रही है.
वैशाली:महनार में पुलिस की वर्दी और कार्यशैली पर एक बार फिर सवाल खड़ा हो गया है. सूखा नशे के कारोबार के खिलाफ कार्रवाई करने वाली पुलिस ही अब सवालों के घेरे में है.नशे के सौदागरों से सांठ-गांठ रखने के आरोप में थानाध्यक्ष समेत 8 पुलिसकर्मी को निलंबित कर दिया गया.जिस थाने पर इलाके को नशामुक्त रखने और नशे के कारोबारियों पर शिकंजा कसने की जिम्मेदारी थी उसी थाने के थानाध्यक्ष समेत 8 पुलिसकर्मियों पर नशा कारोबारियों से कथित सांठगांठ के आरोप में निलंबन की कार्रवाई ने पूरे पुलिस तंत्र को कटघरे में खड़ा कर दिया है.इतना ही नहीं कई अन्य पदाधिकारियों के भूमिका की भी जांच की जा रही है.ऐसे में पुलिस मुख्यालय स्तर पर हुई जांच और कार्रवाई के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि महनार में सूखा नशा कारोबार आखिर पुलिस की नजर से बच कर चल रहा था या पुलिस के संरक्षण के में? बताया जा रहा है कि आरोपो की जांच के दौरान पीली डायरी, कॉल डिटेल और CCTV फुटेज जैसे महत्वपूर्ण साक्ष्यों की पड़ताल की गई और इन साक्ष्यों में सामने आए कथित संपर्क और गतिविधियों ने पुलिसकर्मियों तथा नशा कारोबारियों के बीच संबंधों को लेकर गंभीर संदेह पैदा किया जिसके बाद पुलिस मुख्यालय ने यह कार्रवाई की.कार्रवाई की पुष्टी करते हुए ग्रामीण एसपी ने बताया कि निलंबित पुलिसकर्मियों में महनार थानाध्यक्ष वेदानंद सिंह, डायल-112 प्रभारी, एएसआई राजेश कुमार, सिपाही राजीव कुमार,महिला सिपाही निशा कुमारी और चौकीदार रौशन कुमार,राजन पासवान,रघुनाथ कुशवाहा और पुतलेश कुमार शामिल हैं. ऐसे में अहम सवाल यह कि सूखे नशे के इस अवैध कारोबार में पुलिस माफिया गठजोड़ की जड़े कहां तक फैली हुई है.
वैशाली : जिले के बेलसर थाना क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. क्षेत्र के एक उच्च माध्यमिक विद्यालय से 12वीं कक्षा की दो छात्राएं अचानक संदिग्ध परिस्थितियों में गायब हो गईं. घटना के बाद इलाके में हड़कंप मचा गया. परिजनों ने स्कूल की दो शिक्षिकाओं और एक कार चालक पर छात्राओं को जबरन कार में बैठाकर ले जाने का गंभीर आरोप लगाया है.परिजनों के अनुसार,दोनों छात्राएं रोज की तरह स्कूल गई थीं,लेकिन छुट्टी के बाद घर नहीं लौटीं. काफी खोजबीन के बाद जब कोई सुराग नहीं मिला तो परिजनों ने स्कूल प्रशासन से संपर्क किया. आरोप है कि कुछ छात्र-छात्राओं ने दोनों लड़कियों को स्कूल की ही दो शिक्षिकाओं के साथ एक सफेद कार में जाते हुए देखा था.घटना की सूचना मिलते ही आक्रोशित परिजन और ग्रामीण बेलसर थाने पहुंचे और लिखित शिकायत दी. परिजनों का आरोप है कि यह मामला प्रेम-प्रसंग का नहीं बल्कि सुनियोजित अपहरण और मानव तस्करी का हो सकता है. उन्होंने दोनों छात्राओं की जान को खतरा बताया है.मामले की गंभीरता को देखते हुए बेलसर पुलिस ने तत्काल FIR दर्ज कर ली है. पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों द्वारा इस्तेमाल की गई कार को जब्त कर लिया है. वहीं नामजद दोनों शिक्षिकाएं फिलहाल फरार बताई जा रही है.थानाध्यक्ष ने बताया कि लापता छात्राओं की बरामदगी के लिए विशेष टीम का गठन किया गया है. पुलिस संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है और सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं.इधर, घटना के बाद से दोनों परिवारों में कोहराम मचा है और अभिभावक अपनी बच्चियों की सुरक्षित वापसी की गुहार लगा रहे हैं.ऋषभ कुमार की रिपोर्ट –
हाजीपुर: जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (DISHA) की बैठक सोमवार को जिला प्रभारी मंत्री निशान्त कुमार की अध्यक्षता में हाजीपुर समाहरणालय सभागार में सम्पन्न हुई.बैठक में वैशाली जिले के सभी मंत्री, विधायक एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे. दिशा की बैठक में जिले के विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई, जिसमें20सूत्री भवन, रामाशीष चौक बस स्टैंड के टेंडर, तथा जिले की सभी दलित बस्तियों को मुख्य सड़क से जोड़ने के प्रस्ताव प्रमुख रहे.प्रभारी मंत्री निशांत कुमार ने संबंधित विभागों को सभी योजनाओं को समय-सीमा के भीतर पूरा करने का निर्देश दिया.बैठक में मंत्री संजय कुमार सिंह, मंत्री लखेन्द्र पासवान, जदयू प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा, जिलाधिकारी वर्षा सिंह, पुलिस अधीक्षक सहित जिले के सभी वरीय पदाधिकारी उपस्थित थे.हाजीपुर से पंकज चौहान की रिपोर्ट-
वैशाली: बिहार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार गुरुवार को अचानक सदर अस्पताल पहुंच गए. मंत्री के अचानक पहुंचते ही अस्पताल के अधिकारियों और स्वास्थ्यकर्मियों में हड़कंप मच गया. इमरजेंसी वार्ड की व्यवस्था से लेकर ड्यूटी रोस्टर तक मंत्री ने खुद जांचा और गड़बड़ी मिलने पर अधिकारियों की जमकर क्लास लगा दी. हालात ऐसे बने कि सूचना मिलते ही वैशाली की डीएम वर्षा सिंह भी अस्पताल पहुंच गई.गुरुवार शाम में अचानक स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार अस्पताल पहुंच गए. मंत्री के औचक निरीक्षण की खबर मिलते ही अस्पताल में अफरा-तफरी जैसी स्थिति बन गई. ड्यूटी पर तैनात कर्मी अलर्ट हो गए और अधिकारी भी मौके पर पहुंचने लगे. स्वास्थ्य मंत्री सीधे इमरजेंसी वार्ड पहुंचे. मरीजों को मिल रही सुविधा, डॉक्टरों की मौजूदगी और अस्पताल की व्यवस्था का जायजा लिया. इसी दौरान मंत्री की नजर अस्पताल के ड्यूटी रोस्टर पर पड़ी. रोस्टर देखते ही मंत्री का पारा चढ़ गया. मौजूद अधिकारियों से सवाल-जवाब शुरू हो गया और लापरवाही पर जमकर फटकार लगाई.मंत्री ने साफ तौर पर अस्पताल की व्यवस्था को लेकर अधिकारियों से जवाब मांगा. औचक निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की भी जवाबदेही तय करने के संकेत दिए गए. मंत्री के एक्शन के बाद अस्पताल प्रशासन में हड़कंप मच गया. मामले की जानकारी मिलते ही वैशाली डीएम वर्षा सिंह भी सदर अस्पताल पहुंचीं. इसके बाद स्वास्थ्य मंत्री ने अस्पताल के अलग-अलग वार्डों का निरीक्षण किया और व्यवस्थाओं का जायजा लिया. मंत्री के अचानक एक्शन के बाद अब सवाल है कि अस्पताल की व्यवस्था में आखिर ऐसी क्या कमी मिली, जिसको लेकर अधिकारियों की क्लास लगानी पड़ी.हाजीपुर से ऋषभ कुमार की रिपोर्ट-
वैशाली: जिले के लालगंज प्रखंड स्थित जलालपुर गांव में गुरुवार को निर्माणाधीन फोरलेन पुल का स्ट्रक्चर अचानक धराशायी हो गया। हादसे में करीब 5 से 7 मजदूरों के घायल होने की सूचना है। वहीं एक मजदूर लोहे के भारी ढांचे के नीचे दब गया, जिसकी स्थिति गंभीर बताई जा रही है।हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। घायल मजदूरों को तत्काल नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया। स्थानीय लोगों के अनुसार, प्रशासनिक मदद पहुंचने से पहले ग्रामीणों ने खुद राहत-बचाव में सहयोग किया और मलबे में फंसे मजदूर को पानी पिलाकर होश में रखने का प्रयास किया।घटना की जानकारी सामने आने के बाद नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने बिहार सरकार पर हमला बोला। उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि बिहार में फिर एक पुल गिरा है। तेजस्वी ने आरोप लगाया कि वैशाली में भ्रष्टाचार के बोझ से निर्माणाधीन पुल गिरने की घटना सामने आई है और कई मजदूर दबे तथा घायल हुए हैं।तेजस्वी यादव ने निर्माण कार्य में घटिया सामग्री, खराब गुणवत्ता और मानकों की अनदेखी का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों में जांच और निगरानी को लेकर भी सवाल उठते रहे हैं।तेजस्वी ने आरोप लगाया कि लगातार पुल गिरने की घटनाओं के पीछे भ्रष्टाचार और लापरवाही जिम्मेदार हैं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।हादसे के बाद प्रशासन की ओर से राहत और बचाव अभियान चलाया गया। घटना के कारणों का पता जांच के बाद ही चल सकेगा। प्रशासनिक स्तर पर निर्माणाधीन पुल की सुरक्षा और गुणवत्ता को लेकर भी जांच की जा सकती है। हादसे ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और मजदूरों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।बिहार से वरिष्ठ संवाददाता संजय कुमार की रिपोर्ट
हाजीपुर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के25साल पूरे होने के मौके पर बीजेपी देशभर में बड़ा अभियान चलाने जा रही है. हाजीपुर में प्रेस वार्ता के दौरान केंद्रीय गृह राज्यमंत्री नित्यानंद राय ने इसकी पूरी जानकारी दी.केंद्रीय गृह राज्यमंत्री नित्यानंद राय ने कहा कि17सितंबर से17अक्टूबर तक‘सेवा संकल्प अभियान’ चलाया जाएगा. उन्होंने बताया कि7अक्टूबर2001को नरेंद्र मोदी ने गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में जिम्मेदारी संभाली थी और7अक्टूबर2026को मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के तौर पर उनके सार्वजनिक जीवन के25वर्ष पूरे होंगे. अभियान की शुरुआत17सितंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम से होगी. शाम7बजे केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों से अपने घरों में दीप जलाकर प्रधानमंत्री के प्रति स्नेह, आभार और आशीर्वाद व्यक्त करने की अपील की गई है. प्रधानमंत्री आवास, राशन, उज्ज्वला और आयुष्मान जैसी योजनाओं के लाभार्थियों के साथ डेयरी, पटरी, ठेला और लघु उद्योग से जुड़े लोगों को भी अभियान से जोड़ने की तैयारी है. वहीं17सितंबर को बीजेपी युवा मोर्चा के कार्यकर्ता पूरे बिहार में रक्तदान अभियान चलाएंगे.23सितंबर से2अक्टूबर तक स्कूल-कॉलेजों में चित्रकला और भाषण प्रतियोगिताएं होंगी. गांव और शहरों में संगीतमय नाट्य प्रस्तुतियों के जरिए प्रधानमंत्री के25वर्षों के सेवा कार्यों को जनता तक पहुंचाया जाएगा. नित्यानंद राय ने लोगों से अभियान में भाग लेने की अपील की है.हाजीपुर से ऋषभ कुमार की रिपोर्ट
हाजीपुर/महनार : लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष सह केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री चिराग पासवान के दिशा-निर्देश पर मंगलवार को हाजीपुर लोकसभा क्षेत्र के बाढ़ प्रभावित इलाकों में बड़े पैमाने पर राहत कार्य चलाया गया. 'चिराग के भरोसा' अभियान के तहत, बिहार सरकार के लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण (PHED) मंत्री संजय सिंह ने स्वयं बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों का दौरा कर प्रभावित परिवारों के बीच राहत सामग्री का वितरण किया.मंत्री संजय सिंह ने महनार प्रखंड अंतर्गत हसनपुर दक्षिणी पंचायत के वार्ड संख्या 3 और 6, तथा अल्लीपुर हट्टा पंचायत में बाढ़ से उत्पन्न गंभीर स्थिति का जायजा लिया. उन्होंने पीड़ित परिवारों से सीधा संवाद स्थापित कर उनकी समस्याएं सुनीं और उन्हें हरसंभव सरकारी एवं संगठनात्मक सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया.‘चिराग के भरोसा’ अभियान से जगी उम्मीदप्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री वितरण के दौरान मंत्री संजय सिंह ने कहा कि हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं स्थानीय सांसद चिराग पासवान अपने संसदीय क्षेत्र की जनता के प्रति पूरी तरह संवेदनशील हैं. प्राकृतिक आपदा की इस कठिन घड़ी में'चिराग के भरोसा' अभियान के तहत यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि कोई भी पीड़ित परिवार राहत से वंचित न रहे. उन्होंने जोर देकर कहा कि केंद्र और राज्य सरकार मिलकर बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत एवं बचाव कार्य युद्ध स्तर पर चला रही है और जनजीवन को जल्द से जल्द सामान्य बनाने के लिए प्रतिबद्ध है.कार्यक्रम में इन नेताओं की रही प्रमुख उपस्थितिइस राहत वितरण कार्यक्रम में पार्टी के कई प्रमुख नेताओं एवं स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया और राहत कार्यों में सहयोग प्रदान किया. इस मौके पर मुख्य रूप से उपस्थित रहे:पार्टी के वरिष्ठ नेता अबधेश कुमार सिंह, संतोष शर्मा युवा प्रदेश महासचिव,अमरेश सिंह प्रखंड अध्यक्ष, महनारसुबोध सिंह प्रखंड अध्यक्ष, जंदाहाशंकर पासवान,सतीश पासवान, रवि पासवानसहित स्थानीय पंचायत प्रतिनिधियों एवं बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ताओं ने भी राहत सामग्री वितरण कार्य में अपनी भूमिका निभाई.लोजपा (रामविलास) के पदाधिकारियों ने आश्वस्त किया है कि जब तक बाढ़ का पानी पूरी तरह उतर नहीं जाता और स्थिति सामान्य नहीं हो जाती, तब तक पार्टी की ओर से यह राहत अभियान निरंतर जारी रहेगा.
वैशाली : इस वक्त की बड़ी खबर वैशाली के हाजीपुर से है जहां राघोपुर के तरसिया दियारा से राहत शिविर की ओर आ रही नाव महात्मा गांधी सेतु के पाया नंबर-9 के पास अचानक पलट गई. हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई. शुरुआती जानकारी के मुताबिक नाव पर सवार करीब 10 लोग लापता बताए जा रहे हैं. एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीम द्वारा नदी में सर्च अभियान शुरु हो गई है.बताया जा रहा है कि नाव पर सवार सभी लोग तरसिया दियारा के रहने वाले थे और बाढ़ के बीच अपने घर से राहत शिविर की ओर आ रहे थे. इसी दौरान महात्मा गांधी सेतु के पाया नंबर-9 के पास नाव का संतुलन बिगड़ा और नाव गंगा नदी में पलट गई. नाव पलटने की खबर मिलते ही प्रशासन में हड़कंप मच गया. एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें मौके के लिए रवाना की गईं.वैशाली डीएम वर्षा सिंह और एसपी शुभांक मिश्रा भी पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और राहत-बचाव अभियान का जायजा लिया. पुलिस के मुताबिक सूचना मिलते ही रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया गया. कई लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है, जबकि लापता लोगों की तलाश लगातार जारी है. एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें नदी में सर्च ऑपरेशन चला रही है.हाजीपुर से ऋषभ कुमार की रिपोर्ट--
वैशाली:बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने रविवार को बाढ़ प्रभावित वैशाली और सारण जिले के निरीक्षण पर निकले. मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सबसे पहले हाजीपुर पहुंचे. जहां उन्होंने जढूआ में चल रहे राहत शिविर का निरीक्षण किया. राहत शिविर में बाढ़ पीड़ितों को दी जा रही सुविधाओं का जायजा भी लिया. साथ ही बाढ़ प्रभावितों के लिए चलाए जा रहे सामुदायिक किचन का भी निरीक्षण किया. इस दौरान राहत शिविर में चल रहे आंगनबाड़ी केंद्र का भी निरीक्षण किया और बच्चों से मुलाकात की. सीएम ने बाढ़ के दौरान डूबने से मरे आधा दर्जन मृतकों के आश्रितों का चार-चार लाख रूपए का चेक वितरण भी किया. वहीं, अन्य बाढ़ पीड़ितों के बीच राहत सामग्री का वितरण भी किया.निरीक्षण के दौरान मीडिया से बातचीत करते हुए सीएम सम्राट चौधरी ने कहा कि आपदा है तो थोड़ी परेशानी होगी लेकिन लगातार पानी घट रहा है और लगभग 17 से 18 सेंटीमीटर गंगा का पानी नीचे गया है. मुख्यमंत्री ने कहा कि पानी घट रहा है और हालात नियंत्रण में है.मुख्यमंत्री ने कहा कि बाढ़ की स्थिति चिंताजनक है,लेकिन सरकार पीड़ितों को हर संभव मदद कर रही है. सीएम ने कहा किअगले दो-तीन दिन में राहत मिल जाएगी.
हाजीपुर: रक्षाबंधन के मौके पर नागालैंड के राज्यपाल नंद किशोर यादव अपने बहन के घर हाजीपुर पहुंचे. खास बात यह रही कि राज्यपाल बनने के बाद भी उन्होंने भाई-बहन के इस पवित्र रिश्ते की परंपरा को निभाया और अपनी बहन से राखी बंधवाई.राज्यपाल नंद किशोर यादव के पहुंचते ही परिवार में खुशी का माहौल देखने को मिला. बहन ने पूरे विधि-विधान और स्नेह के साथ अपने भाई की कलाई पर राखी बांधी और उनकी लंबी उम्र एवं स्वस्थ जीवन की कामना की.इस दौरान परिवार के लोगों में भी खासा उत्साह देखने को मिला. राज्यपाल ने भी अपनी बहन को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं और भाई-बहन के इस रिश्ते को जीवन का बेहद खास रिश्ता बताया.हाजीपुर से ऋषभ कुमार की रिपोर्ट-
हाजीपुर : नेपाल में आई भीषण बाढ़ ने जो तबाही मचाई है, उसकी खौफनाक तस्वीर अब बिहार के हाजीपुर में गंडक नदी के अंदर दिखाई दे रही है. गंडक नदी में बहकर आ रहे मलबे के साथ लकड़ियां, जानवरों के शव और इंसानी शव दिखाई देने की बात सामने आई है.नदी के इस भयावह मंजर ने स्थानीय नाविकों और नदी किनारे रहने वाले लोगों को भी दहला दिया है. तस्वीरें हाजीपुर के गंडक नदी की हैं जहां नदी का बहाव अपने साथ नेपाल में हुई तबाही के निशान लेकर पहुंच रहा है. गंडक के पानी में जगह-जगह लकड़ियां और मलबा बहता दिखाई दे रहा है. स्थानीय लोगों के मुताबिक, सुबह से बड़ी मात्रा में लकड़ियां नदी किनारे पहुंचीं, जिन्हें नाविकों ने निकालकर किनारे जमा किया. सबसे डरावना मंजर तब सामने आया, जब नदी में जानवरों के शव और इंसानी शव बहते दिखाई दिए. स्थानीय नाविकों का कहना है कि उन्होंने अपनी आंखों से बड़ी संख्या में शवों को नदी में बहते देखा. गंडक नदी के बीच पहुंची कशिश न्यूज की टीम के कैमरे में भी कई जगह मलबा और बहती हुई सामग्री कैद हुई है. नदी के तेज बहाव में जानवरों के शव भी दिखाई दिए. नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बाद गंडक नदी में शव और अन्य सामान बहकर भारतीय क्षेत्र तक पहुंचने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं.हाजीपुर से ऋषभ कुमार की रिपोर्ट-
वैशाली: नेपाल में बाढ़ को लेकर बिहार के कई जिलों को अलर्ट पर रखा गया है जिसमें वैशाली भी शामिल है. तीन मीटर जल प्रवाह गंडक नदी में बढ़ने की संभावना है जिससे काफी तबाही हो सकती है.ऐसा अनुमान लगाया जा रहा है जिसको लेकर जिला प्रशासन भी अलर्ट हो गया है.मुख्य सचिव द्वारा बिहार के सभी जिलों के डीएम को भी सतर्क किया गया है. डीएम भी सभी अधिकारियों के साथ बैठक कर जानकारी ले रहे हैं.हाजीपुर के क्लब घाट परSDRFकी तैनाती की गयी है.SDRFके कुल 32 जवान हैं और 13SDRFकी बोटें हैं जो तैनात की गयी हैं जो अलग-अलग जगहों पर हैं - जैसे वैशाली के राघोपुर जो गंडक से सटा हुआ है वहाँ भी एक टीम काम कर रही है,वैशाली के महनार जो गंडक नदी से सटा हुआ है वहाँ भी एक टीम तैनात की गयी है,एक टीम को लालगंज भेजा गया है.पटना मुख्यालय से और जवान और बोट मंगाए जा रहे हैं.SDRFके जवान लगातार गंडक के बढ़ते जल स्तर पर नजर रख रहे हैं. गंडक का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है,गंडक अभी भी अपने खतरे के निशान को पार कर चुकी है और तीन मीटर जल प्रवाह जो इसमें आने वाला है जिसको लेकर और भारी तबाही हो सकती है.गंडक किनारे जो भी लोग बसे हुए हैं उन्हें ऊँचे स्थानों पर जाने को कहा जा रहा है जिससे वह सुरक्षित हो जाएं. तीन मीटर जल प्रवाह गंडक में बढ़ने से पानी लोगों के घरों में घुस सकता है,जिस परSDRFकी टीम लगातार नजर बनाई हुई है और मुस्तैदी से मौजूद है.हाजीपुर से ऋषभ कुमार की रिपोर्ट--
वैशाली: जिले के देसरी से बड़ी खबर आ रही है. यहां गंगा का पानी गांव में घुसने के बाद हालात बेहद खराब हो गई है. खड़गपुर गांव के करीब 104 परिवार पिछले 8 दिनों से बांध पर जिंदगी गुजारने को मजबूर है. ग्रामीणों का आरोप है कि अब तक प्रशासन की ओर से बाढ़ पीड़ितों की सुध लेने कोई जनप्रतिनिधि नहीं पहुंचा है.बताए कि 19 अगस्त की रात गंगा नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया था. देखते ही देखते बाढ़ का पानी खड़गपुर गांव के घरों में घुस गया. जिसके बाद ग्रामीणों को अपना घर-बार छोड़कर बच्चों और मवेशियों के साथ सुरक्षित ऊंचे स्थान पर जाना पड़ा. मजबूरी में ग्रामीणों ने बांध पर ही झुग्गियां बनाकर अपना ठिकाना बना लिया.ग्रामीणों का कहना है कि बाढ़ के 8 दिन बीत चुके हैं,लेकिन उनकी परेशानी कम नहीं हुई है न पर्याप्त भोजन-पानी मिल रहा है और न ही बच्चों और बुजुर्गों के लिए कोई विशेष इंतजाम किया गया है. बाढ़ पीड़ितों ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों और जिला प्रशासन पर अनदेखी का आरोप लगाया है. ग्रामीणों को डर है कि अगर गंगा का जलस्तर और बढ़ा तो बांध पर रहना भी मुश्किल हो जाएगा. फिलहाल बाढ़ पीड़ितों ने प्रशासन से तत्काल राहत सामग्री,भोजन,पीने का पानी और स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की है.
वैशाली: जिले के सदर थाना क्षेत्र अंतर्गत दिग्गी कला में चर्चित ठेकेदार रामनरेश राय की सनसनीखेज हत्या मामले में सियासत गरमा गई है. गुरूवार को नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव हाजीपुर पहुंचे और मृतक के परिजनों से मुलाकात की. इस दौरान आरजेडी के वरिष्ठ नेता अब्दुल बारी सिद्दीकी समेत पार्टी के कई अन्य विधायक और स्थानीय नेता भी उनके साथ मौजूद रहे.चित्र पर पुष्पअर्पित कर दी श्रद्धांजलि,परिवार को बंधाया ढांढसरामनरेश राय के आवास पर पहुंचते ही तेजस्वी यादव ने सबसे पहले उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी. इसके बाद उन्होंने मृतक की पत्नी और उनके बेटे से एकांत में मुलाकात कर पूरी घटना की विस्तृत जानकारी ली. मुलाकात के दौरान उन्होंने परिवार की सुरक्षा और अब तक हुई पुलिसिया कार्रवाई का भी जायजा लिया. गौरतलब है कि मृतक की पत्नी ने पहले ही अपनी और अपने परिवार की जान को खतरा बताते हुए सुरक्षा की गंभीर मांग उठाई थी.सरकार और पुलिस प्रशासन पर बोला हमलापीड़ित परिवार से मिलने के बाद मीडिया से मुखातिब होते हुए नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने राज्य की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए. उन्होंने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि बिहार में लगातार अपराध का ग्राफ बढ़ रहा है और बेखौफ अपराधी आए दिन हत्या जैसी वारदातों को अंजाम दे रहे हैं.उन्होंने पुलिस की कार्यशैली की आलोचना करते हुए कहा कि राज्य की पुलिस अपराधियों पर लगाम लगाने के बजाए अन्य कार्यों में व्यस्त है. तेजस्वी यादव ने इस हत्याकांड के सभी आरोपियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किए जाने और पीड़ित परिवार को न्याय व पुख्ता सुरक्षा मुहैया कराने की मांग की.पुलिस जांच और सियासी सरगर्मी तेजविदित हो कि रामनरेश राय हत्याकांड के बाद से लगातार राजनीतिक दलों के नेताओं का दिग्गी स्थित उनके आवास पर पहुंचना जारी है, जिससे मामले पर सियासी दबाव लगातार बढ़ता जा रहा है. दूसरी ओर, पुलिस प्रशासन इस सनसनीखेज मामले के तह तक जाने के लिए पूरी तरह मुस्तैद है. पुलिस इस मामले में एक मुख्य आरोपी को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है, जबकि अन्य फरार नामजद आरोपियों की धरपकड़ के लिए लगातार छापेमारी जारी है. मामले की गंभीरता को देखते हुए तिरहुत रेंज के आईजी चंदन कुशवाहा स्वयं घटनास्थल पर पहुंचकर जांच का जायजा ले चुके हैं. पुलिस इस हत्याकांड की गुत्थी सुलझाने के लिए रास्ते और जमीन से जुड़े विवाद के साथ-साथ ठेकेदारी के बीच आपसी प्रतिस्पर्धा के एंगल से भी गहनता से तफ्तीश कर रही है.फिलहाल,इस हाई-प्रोफाइल मर्डर मिस्ट्री के पीछे की असली वजह क्या थी,यह पुलिस की अंतिम जांच रिपोर्ट और आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही पूरी तरह साफ हो सकेगा.
हाजीपुर : ओमान देश में बसे वैशाली जिला निवासी एनआरआई दीपक ठाकुर ने अपने पैतृक गांव पहेतिया पहुंचने पर पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि बिहार में अब निवेश का अनुकूल माहौल है. राज्य सरकार की नीतियों और मुख्यमंत्री के नेतृत्व में हो रहे विकास कार्यों की उन्होंने सराहना की.ठाकुर ने कहा कि भाजपा और नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली सरकार आने के बाद से बिहार में उद्योग और अधोसंरचना पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है. सरकार विदेशों में बसे बिहारियों को भी मातृभूमि में निवेश के लिए आमंत्रित कर रही है. उन्होंने कहा मुख्यमंत्री से हुई मुलाकात में विकास को प्राथमिकता देने पर विस्तार से चर्चा हुई. सरकार का स्पष्ट संकल्प है कि बिहार को औद्योगिक रूप से आत्मनिर्भर बनाया जाए.उन्होंने बताया कि उनका कारोबार ओमान,दुबई और अफ्रीका के कई देशों में फैला है. ओमान में उन्हें 25 वर्षों का अनुभव है. अब वे बिहार में खनन,इस्पात,विद्युत संयंत्र,प्राकृतिक गैस और औद्योगिक अधोसंरचना के क्षेत्र में निवेश करना चाहते हैं. इसके लिए उन्होंने वैशाली जिले में भूमि का निरीक्षण भी किया है. गंगा किनारे प्रस्तावित मरीन ड्राइव पर 5 सितारा होटल और मॉल बनाने की भी योजना है.ठाकुर ने कहा कि सरकार ने हर गुरुवार को जिला स्तर पर उद्यमियों के साथ बैठक करने का निर्णय लिया है. उद्योग विभाग के सचिव और अन्य अधिकारियों से फास्ट ट्रैक पर काम शुरू करने को लेकर बातचीत की जाएगी. मुख्यमंत्री का निर्देश है कि उद्योग लगे और बिहार के युवाओं को अपने ही राज्य में रोजगार मिले.उन्होंने वैशाली की जिलाधिकारी वर्षा सिंह के कार्यों की भी सराहना करते हुए कहा कि जिला प्रशासन निवेशकों को हर संभव सहयोग दे रहा है. अधिकारियों का सकारात्मक व्यवहार और त्वरित निर्णय सराहनीय है. उन्होंने कहा कि "हर घर तिरंगा" अभियान से लोगों में देशभक्ति की भावना बढ़ी है.ठाकुर ने कहा कि वे 6-7 दिन के बिहार दौरे पर हैं.हाजीपुर से पंकज चौहान की रिपोर्ट-