पटना में गंगा खतरे के निशान से ऊपर : घाटों पर आवाजाही बंद, SDRF-SSB तैनात, सोन-पुनपुन ने भी बढ़ाई चिंता
पटना: राजधानी पटना में गंगा नदी का जलस्तर लगातार खतरे के निशान से ऊपर बना हुआ है. बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने नदी किनारे सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी बढ़ा दी है. लोगों से गंगा नदी और घाटों के आसपास जाने से बचने की अपील की गई है.
प्राप्त जानकारी के अनुसार गांधी घाट पर गंगा का जलस्तर49.83मीटर दर्ज किया गया है, जबकि यहां खतरे का निशान48.60मीटर है. यानी गांधी घाट पर नदी खतरे के निशान से1.23मीटर ऊपर बह रही है. दीघा घाट पर जलस्तर51.01मीटर दर्ज किया गया, जो खतरे के निशान से56सेंटीमीटर अधिक है. हाथीदह में भी गंगा खतरे के निशान से करीब30सेंटीमीटर ऊपर बह रही है.
बढ़ते जलस्तर को देखते हुए पटना सिटी के भद्र घाट, नौजर घाट और महावीर घाट पर बैरिकेडिंग कर दी गई है. इन घाटों पर लोगों की आवाजाही रोक दी गई है और गंगा में स्नान करने पर भी रोक लगाई गई है.
किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिएSDRF की टीम को नाव और गोताखोरों के साथ तैनात किया गया है. वहींSSB की टीम भी नाव और लाइफ जैकेट के साथ भद्र घाट पर मुस्तैद है.
सुरक्षा कारणों से कच्ची दरगाह से राघोपुर दियारा तक नाव परिचालन पूरी तरह बंद कर दिया गया है. प्रशासन लगातार जलस्तर पर नजर बनाए हुए है.
गंगा के साथ सोन और पुनपुन नदी का जलस्तर भी चिंता बढ़ा रहा है. श्रीपालपुर में पुनपुन नदी खतरे के निशान से2.01 मीटर ऊपर है. वहीं इंद्रपुरी बराज से सोन नदी में5.54 लाख क्यूसेक से अधिक पानी छोड़े जाने के बाद दियारा इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है.
पटना से संजय कुमार की रिपोर्ट-





