पटना: वार्ड पार्षद अनिल यादव को गोली मारने के मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।सेंट्रल एसपी ममता कल्याणी ने बताया कि वारदात के पीछे चुनावी रंजिश थी। अनिल यादव और शंकर राय एक ही मोहल्ले के रहने वाले हैं। दोनों के बीच चुनाव को लेकर विवाद चल रहा था। पुलिस के अनुसार, शंकर राय ने राहुल साहनी उर्फ नीरज से संपर्क किया था। इसके बाद राहुल ने पूरी साजिश रची।

जांच में सामने आया कि एक शूटर बाइक से सीधे घटनास्थल पहुंचा था। वहीं, राहुल के कहने पर उसके स्टाफ चंदन ने दो अन्य शूटरों को ऑटो से भेजा। ऑटो चालक शम्भू ने दोनों को मंदिर के पास उतार दिया। इसके बाद दोनों कुछ दूर पैदल चले और फिर चोरी की बाइक से घटनास्थल तक पहुंचे। अमित ने भी इस वारदात में सहयोग किया था।

पुलिस के मुताबिक राहुल राजीवनगर रोड नंबर-20 में पहले ठेला लगाता था। वर्तमान में वह पूजा-पाठ से जुड़ी मिट्टी की दुकान चलाता है। चंदन उसके यहां स्टाफ के रूप में काम करता है। राहुल साहनी उर्फ नीरज का आपराधिक इतिहास भी रहा है। उसके खिलाफ आठ से अधिक मामले दर्ज हैं। चंदन भी पूर्व में शूटर रह चुका है। वर्ष 2012 से राहुल अपराध की दुनिया में सक्रिय बताया जा रहा है।

पुलिस ने घटना में इस्तेमाल पिस्टल, कट्टा और ऑटो बरामद कर लिया है। फरार शूटरों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।