धनबाद में बकाया वेतन और एंबुलेंस के इंश्योरेंस समेत विभिन्न मांगों को लेकर 108 एंबुलेंस के चालक सिविल सर्जन कार्यालय के समीप धरने पर बैठ गए हैं। चालकों का आरोप है कि उन्हें कई महीनों से वेतन नहीं मिला है। वहीं, जिस एंबुलेंस से वे मरीजों को सेवा दे रहे हैं, उसका इंश्योरेंस भी नहीं है। चालकों ने कहा कि सुरक्षा से जुड़ी समस्याओं के बावजूद वे अपनी जान जोखिम में डालकर मरीजों की सेवा कर रहे हैं, लेकिन स्वास्थ्य विभाग उनकी समस्याओं पर ध्यान नहीं दे रहा है। चालकों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं, तो वे भूख हड़ताल करने को मजबूर होंगे। धरने पर बैठे 108 एंबुलेंस चालकों ने बताया कि कई महीनों से वेतन बकाया है।
इसके अलावा, एंबुलेंस का इंश्योरेंस नहीं होने और सुरक्षा से जुड़ी पर्याप्त व्यवस्था नहीं रहने के कारण उन्हें परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। चालकों का कहना है कि आपातकालीन परिस्थितियों में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने की जिम्मेदारी निभाने के बावजूद उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया जा रहा है। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग से जल्द बकाया वेतन का भुगतान करने, एंबुलेंस का इंश्योरेंस कराने और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।
वहीं, इस मामले में धनबाद के सिविल सर्जन ने कहा कि धरने पर बैठे एंबुलेंस चालकों का कुछ महीनों का वेतन बकाया है। इस संबंध में प्रदेश स्तर पर जानकारी दे दी गई है। उन्होंने बताया कि एंबुलेंस चालक एनजीओ के माध्यम से कार्यरत हैं, इसलिए जिला स्वास्थ्य विभाग सीधे तौर पर इस मामले में निर्णय नहीं ले सकता।
