रांची: पश्चिमी सिंहभूम जिले के सोनुवा प्रखंड अंतर्गत क्यूड़ा पंचायत में सड़क निर्माण कार्य को लेकर झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के संगठन संयुक्त सचिव ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से शिकायत की है. संयुक्त सचिव ने आरोप लगाया है कि ग्रामीण कार्य विभाग की ओर से कराए गए सड़क निर्माण कार्यों में डुप्लिकेसी और ओवरलैपिंग की आशंका है. पार्टी ने पूरे मामले की उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच कराने के साथ संबंधित संवेदक और दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है. कांग्रेस के संयुक्त सचिव सौरभ अग्रवाल की ओर से 29 अगस्त 2026 को मुख्यमंत्री को भेजे गए पत्र में कहा गया है कि वर्ष 2023 में REO चक्रधरपुर की ओर से क्यूड़ा से मेदालबुरु तक करीब एक किलोमीटर सड़क निर्माण के लिए टेंडर निकाला गया था. इसके बाद वर्ष 2024 में इसी क्षेत्र और मार्ग से संबंधित एक अन्य सड़क कार्य को अलग टेंडर के माध्यम से लिया गया. इसमें सड़क की लंबाई बढ़ाकर क्यूड़ा से हाथीबुरु तक करीब 25 किलोमीटर कर दी गई और यह कार्य राय कंस्ट्रक्शन को आवंटित किया गया.
कांग्रेस ने दस्तावेजों और मौके का मिलान कराने की मांग की
कांग्रेस ने मुख्यमंत्री से दोनों सड़क कार्यों के डीपीआर, प्राक्कलन, टेंडर, कार्यादेश, एमबी, भुगतान और पूर्णता प्रमाण-पत्र का मिलान कराने की मांग की है. साथ ही स्थल की वास्तविक स्थिति की भी जांच कराने को कहा है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि पहले से स्वीकृत या निर्मित सड़क के किसी हिस्से को दोबारा दूसरे कार्य में शामिल तो नहीं किया गया. कांग्रेस का कहना है कि यदि जांच में डुप्लिकेसी या ओवरलैपिंग की पुष्टि होती है, तो यह सरकारी राशि के दुरुपयोग और गंभीर वित्तीय अनियमितता का मामला हो सकता है. पार्टी ने पश्चिमी सिंहभूम जिले में राय कंस्ट्रक्शन को आवंटित अन्य सड़क और विकास कार्यों की भी जांच कराने की मांग की है.
2023 में कुईरा पंचायत में सड़क का टेंडर
दस्तावेजों के मुताबिक ग्रामीण कार्य विभाग, कार्य प्रमंडल चक्रधरपुर की ओर से 4 मार्च 2023 को एक अल्पकालीन पुनर्निविदा आमंत्रित की गई थी. इसमें कुईरा पंचायत अंतर्गत गोईलकेरा प्रखंड में एसएफ से मेरालगड़ा तक करीब एक किलोमीटर पीसीसी सड़क निर्माण का कार्य शामिल था. इस कार्य की अनुमानित राशि करीब 49.57 लाख रुपये दर्ज है. निविदा के लिए 16 मार्च 2023 तक आवेदन की अंतिम तिथि रखी गई थी. टेंडर दस्तावेज में यह भी उल्लेख है कि एक संवेदक को दो कार्य से अधिक का परिमाण विपत्र निर्गत नहीं किया जाएगा और निविदा प्रक्रिया से जुड़ी निर्धारित शर्तों का पालन करना अनिवार्य होगा.
2024 में कुईरा से हाथीबुरु तक करीब 25 किमी सड़क का काम
वहीं, ग्रामीण कार्य विभाग के दूसरे दस्तावेज में कुईरा से हाथीबुरु और हुसीपी से बोड़ाम भागया होते हुए मरादिरी तक सड़क निर्माण कार्य का उल्लेख है. इसकी लंबाई करीब 24.940 किलोमीटर दर्ज है. विभागीय पत्र के मुताबिक इस कार्य के लिए न्यूनतम वैध दरदाता के रूप में मेसर्स राय कंस्ट्रक्शन, मानगो, जमशेदपुर का चयन किया गया. कार्य की लागत करीब 35.37 करोड़ रुपये बताई गई है और कार्य पूरा करने की अवधि 15 कैलेंडर माह निर्धारित की गई. विभाग ने कार्य शुरू करने से पहले सड़क की वर्तमान स्थिति का वीडियो और जियोटैग फोटोग्राफ लेने की शर्त भी रखी थी. साथ ही कार्य पूरा होने के बाद निर्मित सड़क का वीडियो और जियोटैग फोटोग्राफ संचिका में संलग्न करने का निर्देश दिया गया था.
टेंडर में राय कंस्ट्रक्शन की सबसे कम दर
विभागीय टेंडर दस्तावेज में कुईरा से हाथीबुरु, हुसीपी से सोराम वाया मरादिरी तक 24.940 किलोमीटर सड़क निर्माण कार्य के लिए अलग-अलग बोली लगाने वाले संवेदकों का विवरण है. इसमें राय कंस्ट्रक्शन की बोली सबसे कम दर्ज की गई है. दस्तावेज में उसे Lowest Amount Quoted के रूप में दर्शाया गया है.
रांची से संवाददाता राहुल कुमार की रिपोर्ट

