वैशाली पुलिस और STFकी संयुक्त कार्रवाई,पुलिस पर फायरिंग के बाद जवाबी कार्रवाई में घायल हुआ अपराधी;पिस्टल,खोखा और बाइक बरामद
हाजीपुर: बिहार के वैशाली जिले में पुलिस और अपराधियों के बीच मुठभेड़ का मामला सामने आया है। वैशाली पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए 25 हजार रुपये के इनामी कुख्यात अपराधी राजनंदन उर्फ हंटर उर्फ छोटू को गिरफ्तार किया है। मुठभेड़ के दौरान आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में उसके दाहिने पैर में गोली लगी, जिसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर सदर अस्पताल हाजीपुर में भर्ती कराया।

गुप्त सूचना पर पुलिस और STFने की छापेमारी
जानकारी के अनुसार, बीती रात सदर थाना क्षेत्र के मलमल्ला चौड़, दिघी कला में पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने छापेमारी की थी। इसी दौरान पुलिस का सामना कुख्यात अपराधी राजनंदन उर्फ हंटर से हो गया। बताया जा रहा है कि आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। इसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की, जिसमें उसके दाहिने पैर में गोली लग गई। घायल होने के बाद पुलिस ने उसे मौके से गिरफ्तार कर लिया और इलाज के लिए सदर अस्पताल हाजीपुर पहुंचाया।

पिस्टल,खोखा और मोटरसाइकिल बरामद
पुलिस ने गिरफ्तार अपराधी के पास से एक पिस्टल, एक खोखा और एक मोटरसाइकिल बरामद की है। फिलहाल पुलिस बरामद हथियार और अन्य सामान की जांच कर रही है।

दो दर्जन से अधिक संगीन मामले दर्ज
इस पूरे मामले को लेकर वैशाली के एसपी शुभांक मिश्रा ने प्रेसवार्ता कर जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार अपराधी राजनंदन उर्फ हंटर एक नामी और शातिर अपराधी है। उसके खिलाफ लूट, हत्या, डकैती, आर्म्स एक्ट और एनडीपीएस एक्ट समेत दो दर्जन से अधिक गंभीर मामले दर्ज हैं। एसपी ने बताया कि आरोपी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित था। वह वर्ष 2025 में समस्तीपुर न्यायालय की हाजत से फरार हो गया था। इसके बाद से पुलिस उसकी तलाश में जुटी थी।

एसपी बोले- पुलिस के लिए बड़ी सफलता
वैशाली एसपी शुभांक मिश्रा ने अपराधी की गिरफ्तारी को पुलिस के लिए बड़ी सफलता बताया। उन्होंने कहा कि लंबे समय से फरार चल रहे इस कुख्यात अपराधी की गिरफ्तारी से पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। फिलहाल पुलिस आरोपी से जुड़े आपराधिक मामलों और उसके नेटवर्क की जानकारी जुटाने में लगी है। इस कार्रवाई को वैशाली जिले में अपराध नियंत्रण की दिशा में महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है।

पंकज चौहान की रिपोर्ट