
शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2026
Live
सहरसा एयरपोर्ट का टेंडर रद्द,उड़ान का इंतजार बढ़ासहरसा:बिहार के सहरसा और आसपास के जिलों के लोगों को हवाई सेवा शुरू होने के लिए अभी और इंतजार करना पड़ सकता है। सहरसा एयरपोर्ट पर टर्मिनल भवन और एयर ट्रैफिक कंट्रोल (एटीसी) टावर के निर्माण के लिए जारी टेंडर को एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एएआई) ने रद्द कर दिया है। इससे एयरपोर्ट के विकास कार्य में देरी की आशंका बढ़ गई है।चार कंपनियों ने लगाई थी बोलीएयरपोर्ट के पहले चरण के विकास के लिए 22 अप्रैल 2026 को निविदा जारी की गई थी। इसके तहत प्री-फैब्रिकेटेड टर्मिनल भवन, एटीसी टावर, फायर स्टेशन और अन्य आवश्यक संरचनाओं का निर्माण होना था। टेंडर 16 जून को खुला था और इसकी प्रक्रिया 14 जुलाई को पूरी हो गई थी। इसमें चार कंपनियों ने बोली लगाई थी।हालांकि, एजेंसी का चयन होने से पहले 14 अक्टूबर को एएआई ने प्रशासनिक कारणों का हवाला देते हुए निविदा रद्द कर दी। टेंडर रद्द करने के वास्तविक कारण स्पष्ट नहीं हो सके हैं।35.14 करोड़ रुपये की थी परियोजनाटर्मिनल भवन और एटीसी टावर सहित अन्य निर्माण कार्यों पर अनुमानित 35.14 करोड़ रुपये खर्च किए जाने थे। निर्माण कार्य पूरा करने के लिए 15 महीने यानी 450 दिनों की समयसीमा निर्धारित की गई थी।योजना के अनुसार, 1580 वर्ग मीटर में दो मंजिला टर्मिनल भवन, 165 वर्ग मीटर में एटीसी टावर और 451 वर्ग मीटर में फायर स्टेशन बनाया जाना था।रनवे निर्माण का टेंडर जारीएयरपोर्ट के विकास के दूसरे चरण में रनवे के पुनर्निर्माण और अन्य सिविल कार्यों को शामिल किया गया है। इसके लिए सितंबर में टेंडर जारी हुआ था। इस निविदा में दो कंपनियों ने बोली लगाई है और प्रक्रिया जारी है।पहला टेंडर रद्द होने के बाद टर्मिनल भवन और एटीसी टावर के लिए नई निविदा जारी करनी पड़ सकती है। ऐसे में सहरसा से विमान सेवा शुरू होने की समयसीमा पर अनिश्चितता बढ़ गई है।संजय कुमार की रिपोर्ट
सहरसा:कोसी नदी के बढ़ते जलस्तर ने नवहट्टा प्रखंड के कई पंचायतों में लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी है. बाढ़ का पानी अब घरों में प्रवेश करने लगा है. हालात ऐसे हैं कि कई परिवार अपने घर छोड़कर कोसी तटबंध पर शरण लेने को मजबूर हैं.तस्वीरें सहरसा के नवहट्टा प्रखंड की हैं.प्रखंड के केड़ली, बाकुनिया,नोलआ, शाहपुर, बक्कौर और सत्तौर पंचायत के कई इलाकों में बाढ़ का पानी लोगों के घरों तक पहुंच गया है.छोटे बच्चे,महिलाएं और बुजुर्ग सबसे ज्यादा परेशान है.जहां कोसी के बढ़ते जलस्तर ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है.कहीं घर के आंगन में पानी है तो कहीं घर के अंदर तक बाढ़ का पानी पहुंच चुका है.लोग अपने जरूरी सामान को समेटकर सुरक्षित स्थानों की ओर जाने को मजबूर है.बताया जा रहा है कि नेपाल की ओर से उम्मीद से कम पानी छोड़े जाने और बारिश रुकने के बावजूद करीब ढाई लाख क्यूसेक पानी के डिस्चार्ज से कोसी के आस-पास के कई इलाके प्रभावित हुए है.पानी बढ़ने के बाद बाढ़ प्रभावित परिवारों ने कोसी तटबंध को ही अपना आशियाना बना लिया है.ग्रामीणों का कहना है कि घर में पानी घुसने के बाद परिवार और सामान को सुरक्षित रखने के लिए बांध पर आना मजबूरी बन गया है.सबसे बड़ा सवाल यही है कि अगर पानी का स्तर लगातार बढ़ता रहा तो इन परिवारों की सुरक्षा और रहने-खाने की व्यवस्था कैसे होगी?हालांकि,प्रशासन और सरकार की ओर से राहत कार्य किए जा रहे हैं और जरूरतमंदों तक राहत पहुंचाने का प्रयास जारी हैं,लेकिन बाढ़ प्रभावित ग्रामीणों की मांग है कि सूखा राशन, प्लास्टिक, पीने का पानी और दूसरी जरूरी राहत सामग्री समय पर उपलब्ध कराई जाए.बाढ़ की स्थिति में सबसे बड़ी चुनौती छोटे बच्चों,बुजुर्गों और महिलाओं के लिए खड़ी हो गई है.ग्रामीणों को प्रशासन से मदद की आस है.
सहरसा : बिहार के सहरसा में नाबालिग बच्ची के साथ कथित दुष्कर्म की घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मामले में शामिल 3 आरोपियों को महज 6 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया है. तीनों आरोपी पीड़िता के ही गांव के रहने वाले बताए जा रहे हैं. यह मामला सदर थाना क्षेत्र का है.पुलिस के अनुसार,रविवार दोपहर नाबालिग बच्ची के साथ दुष्कर्म की सूचना मिलते ही सदर पुलिस सक्रिय हो गई. तत्काल पुलिस टीम ने एफएसएल टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचकर निरीक्षण किया और वैज्ञानिक साक्ष्यों का संकलन शुरू किया. इसके बाद पीड़िता को मेडिकल जांच और बेहतर इलाज के लिए मधेपुरा मेडिकल कॉलेज भेजा गया. पुलिस के मुताबिक,वर्तमान में पीड़िता की स्थिति सामान्य है और वह चिकित्सकीय निगरानी में है.मामले की गंभीरता को देखते हुए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सदर और पुलिस अधीक्षक सहरसा ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया तथा अनुसंधान की गुणवत्ता और आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी को लेकर आवश्यक निर्देश दिए.प्रारंभिक जांच में यह तथ्य सामने आया है कि आरोपियों ने पीड़िता को खेलने के बहाने बुलाया और उसके साथ कथित तौर पर इस जघन्य घटना को अंजाम दिया. वहीं,सदर थाना की पुलिस और विशेष रूप से गठित टीम ने कार्रवाई करते हुए घटना में शामिल सभी तीनों आरोपियों को 6 घंटे के भीतर पकड़ लिया है.सहरसा पुलिस का कहना है कि मामले में सभी मानवीय और वैज्ञानिक साक्ष्यों का संकलन किया जा रहा है तथा आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है.सहरसा सेशशि मिश्रा की रिपोर्ट--
सहरसा: बिहार केसहरसा पुलिस केंद्र में एसपी विक्रम सिहाग ने रक्षा बंधन के अवसर पर15सदस्यीय महिला पुलिस दीदी टीम को स्कूटी बाइक देकर रवाना किया. एसपी विक्रम सिहाग ने बताया कि बिहार सरकार के द्वारा सभी जिलों में महिला पुलिस दीदी टीम का पूर्व में ही गठन किया गया था. आज रक्षाबंधन के अवसर पर सहरसा में महिला पुलिस दीदी योजना के तहत पुलिस दीदी टीम को स्कूटी बाइक देकर रवाना किया जा रहा है.एसपी ने बताया कि शहर में महिलाओं और स्कूल कॉलेज आने जाने वाली छात्राओं को विशेष सुरक्षा प्रदान करना पुलिस दीदी टीम का मुख्य उद्देश्य है. इसके अलावा स्कूल कॉलेज आने जाने वाले रास्तों से लेकर स्कूल कॉलेज गेट तक मंडराने वाले मनचले युवक और असामाजिक तत्व पर भी पैनी नजर रखी जाएगी. छात्राओं के साथ साथ युवती तथा महिलाओं के साथ बर्बरता करने वाले मनचले युवक व असामाजिक तत्व से शख्ती से निपटा जा सके इसके लिए बिहार सरकार के निर्देश पर सहरसा में पुलिस दीदी टीम पूरी तैयारी के साथ सड़क पर उतर चुकी है.सहरसा से मो0 शौकत अली की रिपोर्ट
सहरसा : जदयू पार्टी की ओर से सिमरी बख्तियारपुर विधानसभा क्षेत्र के रायपुरा गांव में भव्य सम्मान समारोह कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम में बिहार के मंत्री श्रवण कुमार और आपदा प्रबंधन मंत्री रत्नेश सादा शामिल हुए. कार्यकर्ताओं ने दोनों मंत्रियों का गर्मजोशी के साथ फूल माला पहनाकर स्वागत किया.बिहार में श्रवण कुमार को ग्रामीण विकास विभाग और रत्नेश सादा को आपदा प्रबंधन विभाग में मंत्री बनने के बाद दोनों पहली बार सिमरी बख्तियारपुर पहुंचे जहां रायपुरा गांव में जदयू पार्टी के नेताओं व कार्यकर्ता के साथ साथ एनडीए के तमाम नेताओं ने दोनों मंत्रियों का स्वागत किया और मिथिला का पाग़ और चादर व बुके देकर दोनों को सम्मानित भी किया गया. वहीं सम्मान समारोह कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए लोगों ने बढ़चढ़ भाग लिया.सहरसा से मो0 शौकत अली की रिपोर्ट-
सहरसा : बिहार के सहरसा में 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर मुख्य समारोह स्थल इंडोर स्टेडियम में बिहार के शिक्षा मंत्री सह सहरसा प्रभारी मंत्री मिथिलेश तिवारी ने झंडोत्तोलन किया और तिरंगे को सलामी दिया.इस दौरान कोसी रेंज के डीआईजी कुमार आशीष, जिलाधिकारी दीपेश कुमार, एसपी विक्रम सिहाग सहित जिले के कई आलाधिकारी मौजूद रहे.वहीं ध्वजारोहण समारोह से पूर्व सहरसा के प्रभारी मंत्री मिथिलेश तिवारी ने डीएम और एसपी के साथ परेड का निरीक्षण किया और जवानों की सलामी ली. वहीं ध्वजारोहण कार्यक्रम में शहर के सैकड़ों छात्र- छात्राओं के साथ साथ नगर वासियों ने बढ़ चढ़कर भाग लिया.कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने अपने संबोधन में केंद्र एवं बिहार सरकार की योजना एवं उपलब्धियों के बारे में गिनाया.सहरसा से मो0शौकत अली की रिपोर्ट-
सहरसा : बिहार के सहरसा, सुपौल और मधेपुरा जिले में चल रहे “नशा मुक्त कोसी” अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है. फरवरी 2026 से 14 अगस्त तक 1638 तस्करों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है.अभियान के दौरान 57,878 लीटर से अधिक अवैध शराब, 4,870 किलो से अधिक गांजा, 6.75 किलो स्मैक, 2,384 लीटर कफ सिरप समेत भारी मात्रा में नशीले पदार्थ बरामद किए गए हैं. कार्रवाई में हथियार, वाहन और 55.53 लाख रुपये से अधिक भारतीय मुद्रा भी जब्त की गई है. वहीं, अभियान में उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिस पदाधिकारियों और एसएसबी जवानों को स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर कोसी क्षेत्र के डीआईजी द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया है.सहरसा से मो0 शौकत अली की रिपोर्ट-
सहरसा : बिहार आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने आय से अधिक संपत्ति मामले में सहरसा के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (DPO) अजीत अमर के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है. EOU की टीम ने सहरसा के न्याबाजार स्थित शिक्षा विभाग के DPO अजीत अमर के भाड़े के मकान और सरकारी कार्यालय में एक साथ छापेमारी करने से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है.यह कार्रवाई आय से अधिक संपत्ति के मामले में की गई है.EOU की प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि अजीत अमर ने अपनी ज्ञात आय से62 लाख20 हजार550 रुपए अधिक की संपत्ति अर्जित की है. इसके बाद सहारसा के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी के एक चार ठिकानों परEOU की छापेमारी जारी है.सहरसा से मो0 शौकत अली की रिपोर्ट--
सहरसा: जिले के नवहट्टा नगर पंचायत में विकास के दावों की हकीकत एक बार फिर सवालों के घेरे में है. नगर पंचायत बनने के बाद भी एक वार्ड के लोग आज तक पक्की सड़क के लिए तरस रहे हैं. कच्ची और जर्जर सड़क पर रोजाना जान जोखिम में डालकर लोग आवागमन करने को मजबूर हैं.यह तस्वीरें सहरसा जिले के नवहट्टा नगर पंचायत के वार्ड संख्या-3 स्थित पश्चिमी टोला की हैं. जहां वर्षों से सड़क नहीं बनने के कारण स्थानीय लोगों की परेशानी कम होने का नाम नहीं ले रही है. सड़क के नाम पर सिर्फ कच्चा और ऊबड़-खाबड़ रास्ता है,जिस पर पैदल चलना भी किसी चुनौती से कम नहीं है.वार्डवासियों का आरोप है कि उन्होंने कई बार जनप्रतिनिधियों और नगर पंचायत प्रशासन से सड़क निर्माण की मांग की,लेकिन अब तक सिर्फ आश्वासन ही मिला है.लोगों ने जिला प्रशासन और नगर पंचायत प्रशासन से जल्द सड़क निर्माण कराने की मांग करते हुए कहा कि अब उन्हें वादे नहीं, बल्कि जमीनी स्तर पर काम चाहिए.स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर पंचायत का गठन होने के बाद उन्हें उम्मीद थी कि बुनियादी सुविधाएं जल्द मिलेंगी,लेकिन वर्षों बीत जाने के बावजूद आज तक इस वार्ड में पक्की सड़क का निर्माण नहीं कराया गया. नतीजा यह है कि हर दिन लोगों को इसी बदहाल रास्ते से गुजरना पड़ता है.बारिश के मौसम में हालात और भी भयावह हो जाते हैं. सड़क पर कीचड़ और जलजमाव होने से स्कूली बच्चों को स्कूल जाने में परेशानी होती है. बुजुर्गों का घर से निकलना मुश्किल हो जाता है,जबकि मरीजों को अस्पताल तक पहुंचाने में भी लोगों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है. कई बार दोपहिया वाहन फिसलकर गिर जाते हैं,जिससे हादसे का खतरा लगातार बना रहता है.
सहरसा: जिले के महिषी विधानसभा क्षेत्र के नारायणपुर गांव में कोसी नदी का कटाव लगातार जारी है,जिससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल है. हालांकि, अभी नदी का जलस्तर अपेक्षाकृत कम है, लेकिन तेज कटाव के कारण घनी आबादी वाले गांव पर खतरा मंडराने लगा है.ग्रामीणों का कहना है कि कोसी नदी को "बिहार का शोक" कहा जाता है,क्योंकि हर वर्ष इसके कटाव से लोगों के घर और खेती की जमीन नदी में समां जाती है. इसके बावजूद अब तक कटाव रोकने के लिए कोई स्थायी और प्रभावी व्यवस्था नहीं की गई है.स्थानीय लोगों का आरोप है कि जल संसाधन विभाग द्वारा कराए गए कटाव निरोधी कार्य भी नदी की धारा में बह गए हैं. उनका कहना है कि हर साल बांस रोल जैसे अस्थायी उपाय किए जाते हैं,लेकिन इससे कटाव पर कोई ठोस असर नहीं पड़ता.ग्रामीणों ने बताया कि यदि समय रहते स्थायी सुरक्षा कार्य नहीं कराया गया तो नारायणपुर गांव के कई घर और परिवार कोसी नदी की चपेट में आ सकते हैं.राज्य सरकार और प्रशासन से अविलंब स्थायी कटाव निरोधी कार्य कराने की मांग की है,ताकि हर वर्ष होने वाली तबाही से गांव को बचाया जा सके.साथ ही उन्होंने वीडियो के माध्यम से अपनी आवाज सरकार तक पहुंचाने की भी अपील की है.
सहरसा: जिले के एमएलटी कॉलेज खेल मैदान में दो दिवसीय श्रीव्यास गुरू पूर्णिमा महोत्सव का भव्य आगाज हुआ. कार्यक्रम स्थल पर स्वामी आगमानंद जी महाराज के पहुंचने पर पूरा परिसर श्रद्धालुओं के जयघोष से गूंज उठा. भक्तों ने गर्मजोशी से उनका स्वागत किया और वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया. मंच पर स्वामी आगमानंद जी को मिथिला की पारंपरिक पाग और चादर ओढ़ाकर सम्मानित किया गया. कार्यक्रम की अध्यक्षता विराटपुर कॉलेज के संस्थापक प्राचार्य डॉ. रंजीत प्रसाद सिंह ने की, जबकि संचालन ईस्ट एन वेस्ट टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज की निदेशिका मनीषा रंजन ने किया. स्वामी आगमानंद जी महाराज के दर्शन और आशीर्वाद के लिए श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा.गुरू पूर्णिमा के अवसर परसभी अतिथियों को दुर्गा मानस पुस्तक,मिथिला की पारंपरिक पाग और चादर भेंट कर सम्मानित किया गया. दो दिवसीय इस महोत्सव में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है,जहां गुरु भक्ति, आध्यात्मिक प्रवचन और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा.इस अवसर पर बीएनएमयू के कुलपति प्रो. डॉ. विमलेंदु शेखर झा, विधान पार्षद संजीव कुमार सिंह, नगर निगम महापौर बैन प्रिया, नगर आयुक्त प्रभात कुमार झा, डॉ. हिमांशु मोहन मिश्र, स्वामी मनवानंद, स्वामी प्रेमानंद, लाल बाबा, प्रदीप कुमार सिंह, एमएलटी कॉलेज के प्राचार्य सुधीर कुमार सिंह, एडीएम आपदा प्रबंधन गुड्डू तिवारी, डीएसपी प्रमेन्द्र भारती तथा पूर्व सांसद आनंद मोहन सहित अनेक गणमान्य अतिथि मौजूद रहे.दो दिवसीय इस महोत्सव में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है,जहां गुरु भक्ति, आध्यात्मिक प्रवचन और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा.
सहरसा: शहर में चोरों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा. आए दिन बंद घरों और दुकानों को निशाना बनाया जा रहा है,लेकिन लगातार कई चोरी की घटनाओं का अब तक खुलासा नहीं हो पाया है. सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि लगभग हर वारदात में चोरों का तरीका एक जैसा दिखाई दे रहा है. पहले घर के छप्पर या छत के रास्ते से प्रवेश करना,फिर CCTV कैमरे और उसका DVR बॉक्स उखाड़कर साथ ले जाना और लाखों की संपत्ति लेकर फरार हो जाना.ताजा मामला नगर निगम क्षेत्र के वार्ड नंबर-11स्थित पासवान टोला का है. जहां फिर एक बंद को चोरों ने निशाना बनाया.जानकारी के अनुसार,यह मकान असम राइफल से वर्ष 2018 में सेवानिवृत्त हुए विनय कुमार ठाकुर का है,जो मूल रूप से नवहट्टा थाना क्षेत्र के मुरादपुर वार्ड-07 के निवासी है. वर्ष 2020 से वह सहरसा के पासवान टोला में अपने परिवार के साथ रह रहे थे.बताया जा रहा है कि 21जुलाई को विनय कुमार ठाकुर अपनी पत्नी के साथ बेटे से मिलने पुणे गए थे. इसी दौरान मंगलवार की रात शातिर चोरों ने घर की छत का गेट और दीवार तोड़कर अंदर प्रवेश किया. इसके बाद अलमारी और ट्रंक का ताला तोड़कर करीब 5 लाख रुपये के सोने-चांदी के आभूषण और कीमती सामान चोरी कर लिया.बुधवार सुबह करीब 7 बजे जब उनके भतीजे मुरारी ठाकुर घर की देखरेख के लिए पहुंचे तो चोरी की घटना का पता चला. उन्होंने तुरंत सदर थाना पुलिस को सूचना दी.चोर जाते-जाते घर में लगे CCTV कैमरे और उसका DVR बॉक्स भी उखाड़कर अपने साथ ले गए,ताकि उनके चेहरे और वारदात का कोई सबूत न बच सके.घटना की सूचना मिलते ही सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी.लगातार एक जैसी शैली में हो रही चोरी की घटनाओं ने शहरवासियों की चिंता बढ़ा दी है. सवाल यह उठ रहा है कि आखिर एक ही तरीके से वारदात को अंजाम देने वाले गिरोह तक पुलिस कब पहुंचेगी? फिलहाल पुलिस जांच की बात कह रही है, लेकिन लगातार हो रही चोरियों ने लोगों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सहरसा:खबर सहरसा से है,जहां सिमरी बख्तियारपुर थाना क्षेत्र के मखदुमचक नहर के पास से एक युवक को पुलिस ने हथियार के साथ गिरफ्तार किया है. सिमरी बख्तियारपुर एसडीपीओ मुकेश कुमार ठाकुर ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि मखदूमचक नहर के पास एक युवक देशी कट्टा और कारतूस लिए किसी बड़ी आपराधिक घटना को अंजान देने की फिराक में है. जिसके बाद बख्तियारपुर थाने पुलिस ने मौके पर पहुंच कर युवक को खदेड़ कर गिरफ्तार कर लिया.वहीं, तलाशी के दौरान छिपाकर रखा गया एक देसी कट्टा और जेब से एक जिंदा कारतूस बरामद किया गया. पूछताछ के दौरान गिरफ्तार युवक ने अपना नाम धीरज कुमार बताया है, जो सिमरी बख्तियारपुर नगर परिषद क्षेत्र के बरहकुर्बा गांव का रहने वाला है.फिलहाल गिरफ्तार युवक को पुलिस आर्म्स एक्ट की धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर जेल भेजने की कवायद में जुट गई है.
सहरसा:मधेपुरा लोकसभा क्षेत्र के सांसद एवं जनता दल (यू) के वरिष्ठ नेता दिनेश चंद्र यादव को कोसी विकास संघर्ष मोर्चा,सहरसा एवं समस्त कोसीवासियों की ओर से आयोजित भव्य समारोह में 'कोशी रत्न सम्मान 2026' से सम्मानित किया गया. समारोह का आयोजन एक बैंक्वेट हॉल में किया गया, जहां सहरसा,मधेपुरा सहित पूरे कोसी क्षेत्र से हजारों नागरिकों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बने.यह सम्मान उन्हें कोसी क्षेत्र में पिछले 36 वर्षों के राजनीतिक जीवन के दौरान किए गए विकास कार्यों,जनसेवा,सरल स्वभाव और व्यवहार के लिए प्रदान किया गया.दिनेश चंद्र यादव का राजनीतिक सफर वर्ष 1990 में शुरू हुआ है. उन्होंने पहली बार सिमरी बख्तियारपुर विधानसभा क्षेत्र से विधायक का चुनाव जीतकर विधानसभा में प्रवेश किया. इसके बाद वे चार बार विधायक,दो बार बिहार सरकार में मंत्री और कई बार मधेपुरा लोकसभा क्षेत्र से सांसद चुने गए.संसदीय जीवन के दौरान उन्होंने विभिन्न संसदीय समितियों में महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं. वे रेल मंत्रालय की सलाहकार समिति और गृह मामलों की संसदीय समिति के सदस्य के रूप में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं.कोसी क्षेत्र के विकास में उनके योगदान की बात करें तो सहरसा-मानसी रेल दोहरीकरण जैसी महत्वपूर्ण परियोजना को स्वीकृति दिलाने में उनकी अहम भूमिका रही है. इसके अलावा क्षेत्र के सड़क, रेल और आधारभूत संरचना के विकास से जुड़े कई कार्यों में उनका सक्रिय योगदान रहा है.समारोह के दौरान वक्ताओं ने कहा कि यह सम्मान केवल एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि कोसी क्षेत्र के विकास और जनसेवा की उस लंबी यात्रा का सम्मान है,जिसने लाखों लोगों के जीवन को प्रभावित किया है.बताया गया कि यह पहली बार है जब कोसी की धरती पर इतने बड़े स्तर पर किसी जनप्रतिनिधि को 'कोशी रत्न सम्मान' से सम्मानित किया गया. कार्यक्रम में सामाजिक, राजनीतिक और विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े अनेक गणमान्य मौजूद रहे.
सहरसा : बड़ी खबर बिहार के सहरसा से है जहां जिले के सदर थाना क्षेत्र के सुलिंदाबाद वार्ड संख्या-43 में विद्युत तार की चपेट में आने से ढाई वर्षीय बच्ची की दर्दनाक मौत हो गई. घटना के बाद आक्रोशित लोगों ने सड़क जाम कर दिया. वहीं सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच कर लोगों को समझा बुझा कर सड़क जाम हटवाया और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया.जानकारी के अनुसार बच्ची सुमन कुमारी घर के पास खेल रही थी. इसी दौरान वह बिजली के नंगे तार की चपेट में आ गई, जिससे उसे जोरदार करंट लगा. घटना के बाद परिजन आनन-फानन में उसे इलाज के लिए सदर अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया. घटना से आक्रोशित ग्रामीणों और परिजनों ने सड़क जाम कर बिजली विभाग के खिलाफ जमकर प्रदर्शन किया. परिजनों का आरोप है कि इलाके में लंबे समय से बिजली के नंगे तार लटके हुए थे. इसकी शिकायत कई बार संबंधित विभाग के पदाधिकारी से की गई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई. उनका कहना है कि विभाग की लापरवाही के कारण मासूम बच्ची की जान चली गई. ग्रामीणों ने दोषी अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई और पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की है.घटना की सूचना मिलते ही सदर थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझा-बुझाकर सड़क जाम समाप्त कराया. सदर थाना के एसआई शेएव अख्तर ने बताया कि सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची. परिजनों को समझाकर जाम हटवाया गया तथा शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है. मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है.सहरसा से शशि मिश्रा की रिपोर्ट-
सहरसा: बड़ी खबर बिहार के सहरसा से है जहां अवैध देह व्यापार के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है. सदर थाना क्षेत्र के भारतीय नगर स्थित रेड लाइट एरिया में छापेमारी कर10 युवतियों एवं4 युवकों को बरामद किया गया है, जिनमें4नाबालिग शामिल हैं. कार्रवाई के दौरान अवैध धंधे के संचालन के आरोप में एक हेड महिला को गिरफ्तार किया गया है.बताया जा रहा है कि मंगलवार को साइबर डीएसपी कल्याण आनंद के नेतृत्व में सदर पुलिस और एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (एएचटीयू) की संयुक्त टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर भारतीय नगर स्थित रेड लाइट एरिया में छापेमारी की. पुलिस के अनुसार, यहां अवैध देह व्यापार संचालित होने की सूचना मिली थी. छापेमारी में कुल10युवतियों एवं 4 युवकों को बरामद किया गया, जिनमें4नाबालिग शामिल हैं.कार्रवाई के दौरान एफएसएल की टीम ने भी मौके पर पहुंचकर जांच की और कई आपत्तिजनक सामग्री जब्त की. पुलिस ने बताया कि पूर्व में सील किए गए एक मकान से भी युवतियां बरामद हुई हैं, जिसकी जांच की जा रही है. इस मामले में अवैध धंधे के संचालन में संलिप्त एक महिला को गिरफ्तार कर पूछताछ की जा रही है.पुलिस का कहना है कि इससे पहले भी इसी इलाके में छापेमारी कर22महिलाओं को बरामद किया गया था और कई मकानों को सील किया गया था. इसके बावजूद अवैध गतिविधियां दोबारा संचालित होने की सूचना मिली, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई.पुलिस ने बताया कि बरामद नाबालिगों की काउंसलिंग और संरक्षण की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. वहीं गिरफ्तार महिला से पूछताछ कर पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटाई जा रही है. इस अवैध कारोबार से जुड़े अन्य लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी.सहरसा से शशि मिश्रा की रिपोर्ट--
सहरसा:जिले में बारिश की कमी ने किसानों की परेशानी बढ़ा दी है. धान की खेती पर संकट खड़ा कर दिया है. किसान सिंचाई के लिए डीजल पंप का सहारा लेने को मजबूर है,जिससे खेती की लागत बढ़ गई है. किसानों का आरोप है कि ना समय पर डीजल अनुदान मिल रहा है और ना ही फसल क्षति का मुआवजा. हालांकि,मौसम विभाग ने जल्द अच्छी बारिश की संभावना जताई है.पर्याप्त बारिश नहीं होने से धान की खेती प्रभावितसहरसा के ग्रामीण इलाकों में पर्याप्त बारिश नहीं होने से धान की खेती प्रभावित हो रही है. खेतों में पानी की कमी के कारण किसान मोटर और डीजल पंप से सिंचाई कर रहे हैं. इससे खेती की लागत लगातार बढ़ती जा रही है. ऊंचे इलाकों में धान का बिचड़ा तैयार करना भी किसानों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है.सरकारी डीजल अनुदान समय पर नहीं मिलने पर नाराजगीकिसानों का कहना है कि खाद के दाम बढ़ गए हैं और सरकारी डीजल अनुदान समय पर नहीं मिल रहा. फसल क्षति के लिए आवेदन देने के बावजूद अब तक मुआवजा नहीं मिला है. किसानों ने आरोप लगाया है कि सरकारी योजनाओं का लाभ वास्तविक किसानों तक नहीं पहुंच रहा है.अगले कुछ दिनों मेंअच्छी बारिश की संभावनावहीं, मौसम वैज्ञानिक रामानन्द पटेल ने अगले कुछ दिनों में आंधी, बिजली की गरज और अच्छी बारिश की संभावना जताई है. उन्होंने बताया कि जिन किसानों की नर्सरी तैयार है, वे रोपाई की तैयारी शुरू कर दे. साथ ही तेज हवा और वज्रपात को देखते हुए पशुपालकों को, मवेशियों को सुरक्षित स्थान पर रखने की सलाह दी गई है.अब उम्मीद मौसम विभाग के पूर्वानुमान पर टिकीबारिश की कमी से किसानों की चिंता बढ़ गई है. अब उनकी उम्मीद मौसम विभाग के पूर्वानुमान पर टिकी है. यदि जल्द अच्छी बारिश होती है तो धान की खेती को राहत मिल सकती है,लेकिन सरकारी सहायता समय पर मिलना भी किसानों के लिए उतना ही जरूरी है.
सहरसा:इस वक्त की बड़ी खबर बिहार के सहरसा से सामने आ रही है. जहां कोसी रेंज के DIG डॉ. कुमार आशीष ने थाने में दलाली और केस प्रभावित करने के मामले में बड़ी कार्रवाई की है. सलखुआ थानाध्यक्ष मुकेश कुमार समेत 10 पुलिसकर्मियों को निलम्बित कर दिया है. उन्हें तत्काल प्रभाव से निलम्बित करते हुए उन्हे पुलिस केंद्र सहरसा में लाइन हाजिर किया गया है. उन सभी पुलिस पदाधिकारियों पर विभागीय कार्रवाई चलेगी.बीते दिनों सहरसा जिले के सलखुआ थाने में थानाध्यक्ष की कुर्सी पर एक अवैध व्यक्ति थाना में बैठकरआने वाले लोगों से सम्बंधित बातचीत करते हुए कथित दलाल का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था. वहीं, वायरल वीडियो मामले में DGP के निर्देश पर DIG डॉ. कुमार आशीष सलखुआ थाना पहुंच कर जांच पड़ताल किया. जिसमें थानाध्यक्ष मुकेश कुमार और वायरल दलाल सतीश कुमार इन दोनों की मोबाइल पर बातचीत होने की पुष्टि हुई. वहीं,जांच के क्रम में गौसपुर गांव मंदिर के पास बाइकसवार संदिग्ध व्यक्ति को रोककर देखा गया तो वो वही दलाल सतीश कुमार नाम का व्यक्ति था. इसके पास से लैपटॉप और कई ऑरिजनल अनुसन्धारको का केस फाइल बरामद किया गया है.बताया जा रहा है कि गिरफ्तार दलाल सतीश कुमार बहुअरवा गांव का रहने वाला है जो अवैध रूप से केस अनुसंधान को प्रभावित करता रहता है. थाने अक्सर में घूमता रहता है. थाने में आने वाले फरियादी लोगों से रुपए लेने का काम करता है. केस डायरी भी लिखने का काम करता था. केस डायरी दूसरे लोगों को बेचने का भी काम करता था. वहीं, इनके पास से बरामद लैपटॉप से कई केस फाइल बरामद किए गए हैं. इस प्रकार से पुलिस की छवि को धूमिल करने का प्रयास कर रहा था जिसे गिरफ्तार किया गया है और भारतीय न्याय संहिता के तहत गिरफ्तार वायरल दलाल पर केस दर्ज कर के इसे जेल भेजा जा रहा है. साथ ही इसके सांठ-गांठ में काम करने वाले 10 दस ऐसे केस आई है जिनकी फाइल मिली है.
सहरसा: केंद्रीय रेल मंत्रालय ने बिहार के सहरसा-मानसी रेलखंड के दोहरीकरण को मंजूरी दे दी है. करीब 499 करोड़ रुपये की लागत से 44 किलोमीटर लंबे इस सिंगल लाइन सेक्शन को डबल किया जाएगा. इससे ट्रेनों की आवाजाही तेज होगी और यात्रा करने में भी समय कम लगेगी. इसके अलावा नई रेल सेवाओं का रास्ता भी खुलेगा. इस परियोजना को लेकर सांसद दिनेश चंद्र यादव ने जानकारी दी.भारतीय रेलवे ने कोसी क्षेत्र की बहुप्रतीक्षित सहरसा-मानसी रेलखंड दोहरीकरण परियोजना को हरी झंडी दे दी है. करीब 44 किलोमीटर लंबे इस सिंगल लाइन खंड को डबल करने पर लगभग 499 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. परियोजना पूरी होने के बाद इस रूट पर ट्रेनों का परिचालन अधिक सुगम और सुरक्षित होगा.समस्तीपुर रेल मंडल ने लागत कम रखते हुए किफायती डीपीआर तैयार की, जिसके बाद इस परियोजना को मंजूरी मिली है.दोहरीकरण के तहत सोनबरसा कचहरी,सिमरी बख्तियारपुर,कोपरिया और धमारा घाट समेत कई स्टेशनों पर अतिरिक्त रेलवे लाइनें विकसित की जाएगी. इससे यात्री ट्रेनों के साथ-साथ मालगाड़ियों के परिचालन में भी काफी सुविधा होगी.रेलवे अधिकारियों के अनुसार,दोहरीकरण से ट्रेनों की लेटलतीफी में कमी आएगी,परिचालन क्षमता बढ़ेगी और भविष्य में नई ट्रेनों के परिचालन की संभावनाएं भी मजबूत होगी. लंबे समय से इस परियोजना की मांग की जा रही थी,जिसे अब मंजूरी मिलने से कोसी क्षेत्र के लोगों में खुशी का माहौल है. रेलवे जल्द ही निर्माण कार्य शुरू करने की तैयारी में है.सहरसा से शशि मिश्रा की रिपोर्ट--