PATNA :बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ के आह्वान पर तीन सूत्री मांगों पर जोर डालने के लिए बिहार विधान मंडल के समक्ष सफल धरना रघुवंश प्रसाद सिंह, अध्यक्ष, बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ की अध्यक्षता में सम्पन्न हुआ।

तीन सूत्री मांगों में नियोजित शिक्षकों की प्रोन्नति, सेवा की निरंतरता एवं ऐच्छिक स्थानान्तरण शामिल है। मुख्यमंत्री ने 20 नवम्बर 2024 को स्थानान्तरण/पदस्थापन नियमावली को निरस्त करने की सकारात्मक घोषणा की थी, उसके लिए उनको धन्यवाद किया गया लेकिन अभी तक विभाग ने किसी प्रकार की अधिसूचना जारी नहीं की है।

बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ की मांग है कि स्थानीय निकाय में नियुक्त शिक्षकों को नियुक्ति तिथि से वेतनवृद्धि का लाभ देते हुए उनकी वरीयता बरकरार रखी जाए और अभी तक कुल प्राप्त कर रहे वेतनादि में वेतनवृद्धि का लाभ देते हुए सेवा की निरंतरता का उपबंध अधिसूचना में की जाए।

आज तक नियोजित शिक्षक वेतन की विसंगतियों का दंश झेल रहा है। उसी तरह बिहार लोक सेवा आयोग द्वारा नियुक्त महिला एवं पुरूष तथा सक्षमता परीक्षा में उतीर्ण शिक्षकों को भी ऐच्छिक स्थानान्तरण का लाभ दिया जाए।

2023 में निदेशक (माध्यमिक शिक्षा) द्वारा जो अवकाश तालिका लागू की गई थी, ठीक उसी के अनुरूप 2025 की अवकाश तालिका लागू की जाए। शिक्षकों की उपस्थिति बनाने में इंटरनेट की कठिनाई को ध्यान में रखते हुए ऑफलाइन उपस्थिति बनाने के लिए पुराने नियम को लागू किया जाए तथा मासिक परीक्षा के अनावश्यक/अव्यवहारिक आदेश को वापस लिया जाए।

धरना को सम्बोधित करने वालों में डॉ. संजीव कुमार सिंह (कोसी), प्रो. संजय कुमार सिंह (तिरहुत), डॉ. अशफाक (सारण), अमरजीत कुशवाहा (माले), संजीव श्याम सिंह, पूर्व विधान पार्षद, बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ के उपाध्यक्ष, डॉ. सुरेश प्रसाद राय एवं देववंश सिंह तथा सभी प्रमंडल के अध्यक्ष/सचिव, जिला अध्यक्ष/सचिव, सचिव मंडल एवं राज्य कार्यकारिणी के सदस्यों ने धरना में भाग लिया।